जाने सफल छात्रों की पांच प्रभावशाली आदतें

एक सफल छात्र बनने के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि आपकी रणनीति आपकी पढ़ाई को लेकर कुछ इस प्रकार हो की आप बड़े आसानी से उसे फॉलो कर सफलता प्राप्त कर पाएं|

यदि आप एक सफल छात्र बनना चाहते हैं, तो निराश और हताश होने की ज़रूरत नहीं क्यूंकि इस आर्टिकल में हम आपको अध्ययन की विधियों को विकसित करने के लिए कुछ खास टिप्स बताने जा रहें हैं जिसकी मदद से आप देखेंगे कि आपका ग्रेड और आपके पढ़ने का तरीका दोनों में ही काफी सुधार मिलेगा| तो आइये जानते हैं सफल छात्र बनने के खास टिप्स :

1. सब कुछ एक बार में पढ़ने की कोशिश ना करें :

अक्सर छात्रों को देखा गया है कि वह एग्जाम के समय या सिलेबस पूरा करने के लिए लगातार पढ़ने की कोशिश करते हैं| दरअसल देर रात तक पढ़ने या लगातार बीना मूड के बस सिलेबस पूरा करने के लिए पढ़ते रहने से आप कभी सफल छात्र नहीं बन सकते हैं| एक सफल छात्र ठीक समय अन्तराल पर ही अपनी पढ़ाई को समान रूप से समय देता है जिससे सभी चीज़े संतुलित रहे|

2. पूरी योजना के साथ पढ़ाई करें :

सफल छात्र अपने पढ़ाई के लिए पुरे सप्ताह की योजना तैयार रखते हैं और उसी के अनुसार अपने पुरे दिनचर्या को फॉलो भी करते हैं| इसे एक उदहारण के मदद से समझते हैं- रोहन और शीतल दोनों ही कक्षा 10वी के छात्र थे| रोहन रोज़ स्कूल से आकर अपने क्लासेज लेता होमवर्क करता और बाकि एक्टिविटीज पर ध्यान देता था परन्तु उसके पढ़ने का या किसी भी चीज़ का कोई समय निर्धारित नहीं था तथा वह एग्जाम के समय भी सिलेबस को पूरा करने कभी देर रात जगता कभी अपने दोस्तों से मदद लेता| वहीँ दूसरी ओर शीतल ने हर एक सप्ताह की समय सरणी बना रखी थी जिसमें उसके पढ़ने तथा बाकि सभी एक्टिविटीज के लिए समय निर्धारित था और वह उसपे सटीक रह कर ही अपने पुरे दिनचर्या को फॉलो करती थी जिस कारण एग्जाम के समय भी उसपर किसी प्रकार का दबाव नहीं था और उसने रोहन के तुलना में ज्यादा अंक प्राप्त किए| इसलिए हमेशा एक सही योजना के साथ पढाई करें|

3. एक समय पर अध्ययन करें :

यदि छात्र रोज़ एक समय निधारित करे पढ़ने के लिए तो दिन प्रति दिन वह उस समय पर पढ़ाई करने के लिए खुद को तैयार महसूस करने लगते हैं| इससे उनके पढ़ाई करने के तरीके में भी काफी बदलाव नज़र आने लगता है| जब छात्र रोज़ एक समय पर पढाई करते हैं तो वह समय रोज़ उनके दिनचर्या में पढ़ाई के लिए जुड़ जाता है| यदि किसी कारण वश आपको अपने इस रुटीन को बदलना भी पड़े तो कोशिश करें की कारण ख़तम होते ही अपने पढ़ाई के नियमित रुटीन पर जल्दी ही आ जाएँ|

4. सबसे कठिन विषय से शुरू करें :

अक्सर ऐसा देखा गया है की छात्र सरल विषय या टॉपिक की तुलना में कठिन विषय को पढ़ने या समझने की बाद में कोशिश करते हैं| जबकि इसकी जगह हमेशा जब आप पढ़ने बैठे तो शुरुआत हमेशा कठिन विषय से करें क्यूंकि उस समय आपका दिमाग बिलकुल फ्रेश होता है तो आप आसानी से कठिन विषय को समय दे सकते हैं और जब एक बार कठिन विषय पढ़ लें तो सरल विषय की शुरुआत कर सकते हैं|

5. पढ़ाई शुरू करने से पहले अपने नोट्स को दोहराएँ :

सबसे अहम बात! हमेशा क्लास रूम में उपस्थित रहें और अपने सभी विषय के नोट्स खुद बनाएं तथा जब भी किसी विषय को पढ़ना हो या कोई असाइनमेंट शुरू करना हो उससे पहले अपने नोट्स को अच्छी तरह दोहरा लें| इससे आपको असाइनमेंट में काफी मदद मिलेगी और यदि आप पढ़ते समय नोट्स को दोहराते हैं तो आपको उस टॉपिक से जुड़े सभी महत्वपूर्ण पॉइंट्स याद रहते हैं जो आपके पढाई को और इफेक्टिव बनाती है|

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