Search

जानें रेलवे में पैरामेडिकल पदों के लिए क्या है निर्धारित योग्यता, चयन प्रक्रिया और सैलरी

Aug 29, 2018 12:36 IST

    अगर आप पैरामेडिकल फील्ड में करिअर की तलाश कर रहे हैं तो रेलवे में भी जॉब के लिए काफी संभावनाएं हैं....जी हाँ पैरामेडिकल फील्ड के अंतर्गत रेलवे स्टाफ नर्स, फार्मासिस्ट, ईसीजी टेक्नीशियन, रेडिओग्राफर, लैब असिस्टेंट, फिजियोथेरेपिस्ट, ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट आदि कई पोस्ट्स हैं जिनके लिए रेलवे में काफी भर्तियाँ निकलती है.

    तो इसके लिए आइए सबसे पहले जानते हैं कि पैरामेडिकल साइंस है क्या? पैरामेडिकल साइंस मेडिकल साइंस का वह बेस है जो चिकित्सा विज्ञान के लिए आधार का काम करती है. देखा जाए तो आज पैरामेडिकल साइंस का क्षेत्र दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है और तय मानिए कि आने वाले कल के लिए यह एक भविष्योन्मुखी रोजगार का जन्मदाता सिद्ध होगा. कुशल पैरामेडिकल प्रोफेशनल्स की मांग न केवल इंडिया में बल्कि अमेरिका, कनाडा, यूके, यूएई आदि देशों में भी दिनों दिन बढती जा रही है.

    वैसे भी, देश में सरकारी मेडिकल कॉलेजों की कम संख्या, सीमित सीटें तथा बेहद कड़ी प्रतियोगिता की वजह से डॉक्टर बनने की चाहत रखने वाले बहुत से स्टूडेंट्स को एडमिशन नहीं मिल पाता. प्राइवेट मेडिकल कॉलेजों में भारी फीस की वजह से बहुत से सफल कैंडिडेट चाह कर भी एडमिशन नहीं ले पाते. तो ऐसे किसी भी कारण से जिन अभ्यर्थियों का डॉक्टर बनने का सपना पूरा न हो पा रहा हो वे पैरामेडिकल स्टडीस में कैरियर बना सकते हैं. तो ऐसे स्थिति में पैरामेडिकल कोर्स को आज का युवा एक सफल करिअर के रूप में अपना रहे है और रेलवे में इसके लिए काफी संभावनाएं भी मौजूद हैं.

    रेलवे में पैरामेडिकल कैरियर अपनाना किसी भी साइंस स्ट्रीम के कैंडिडेट के लिए सरकारी नौकरी में आने का एक बेहतरीन आप्शन है. रेल मंत्रालय की तरफ से समय समय पर रेलवे पैरामेडिकल जॉब के लिए रिक्तियाँ निकलती रहती हैं. इच्छुक उम्मीदवार इन पदों के लिए अपनी दिलचस्पी और योग्यता के अनुसार आवेदन कर सकते हैं. इन पदों पर भर्ती के लिए सम्बन्धित विषयों की लिखित परीक्षा ली जाती है. लिखित परीक्षा में सफल कैंडिडेट्स को फिर इन्टरव्यू के लिए बुलाया जाता है.

    तो आईए जानते हैं कि रेलवे में पैरामेडिकल जॉब के लिए किन किन पदों के लिए होती है भर्ती और इसके लिए क्या है आवश्यक योग्यता - रेलवे में पैरामेडिकल जॉब के लिए बहुतायत में पदों के विकल्प मौज़ूद हैं जैसे - रेलवे स्टाफ नर्स, फार्मासिस्ट, ईसीजी टेक्नीशियन, रेडिओग्राफर, लैब असिस्टेंट, फिजियोथेरेपिस्ट, ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट इत्यादि.

    1. नर्सिंग -

    सबसे पहले जानते हैं नर्सिंग के बारे में. नर्स का काम चिकित्सा में डॉक्टर की सहायता करना, मरीज की देखभाल करना, सर्जरी में चिकित्सक की मदद करना तथा पेशेंट को समय पर दवाएँ देना, इन्जेक्शन लगाना, ड्रेसिंग करना इत्यादि है. इस प्रोफेशन में अपार संभावनाएँ हैं. देश के अस्पतालों, नर्सिंग होम्स, स्कूल, इंडस्ट्रीज, निजी मेडिकल क्लिनिक्स, रेलवे, डिफेन्स फ़ोर्स आदि के अलावा विदेशों में भी नर्सिंग के तौर पर कैरिअर बनाया जा सकता है.

    रेलवे में नर्सिंग के लिए क्या है आवश्यक योग्यता -

    इंडियन नर्सिंग काउन्सिल से नर्सिंग का कोर्स किया हो या बीएससी नर्सिंग का कोर्स किया हो. बीएसई नर्सिंग में चार वर्षीय कोर्स, जनरल नर्सिंग और मिडवाईफरी (जीएनएम ) में साढ़े तीन साल का कोर्स, ओग्जिलरी नर्स मिडवाईफ (एएनएम ) में डेढ़ साल का कोर्स तथा हेल्थ वर्कर के लिए 18 महीने का कोर्स होता है. नर्सिंग में कैरियर बनाने के लिए इनमें से कोई भी कोर्स किया जा सकता है.

    आयु सीमा - 20 से 38 वर्ष

    मासिक वेतन - 21,190 रूपए के करीब

    2. फार्मासिस्ट - ये ड्रग मैनुफैक्चरिंग, कंपनियों, रिसर्च से जुड़े प्राइवेट या सरकारी संस्थाओं डिस्पेंसरी, मेडिकल स्टोर्स आदि में काम कर सकते हैं.

    फार्मासिस्ट के लिए क्या है आवश्यक योग्यता -

    इसके लिए दो वर्षों का डिप्लोमा इन फार्मेसी (डीफार्मा ) कराया जाता है बैचलर ऑफ़ फार्मेसी (बीफार्मा ) की अवधि चार साल तथा मास्टर ऑफ़ फार्मेसी (एमफार्मा ) की अवधि डेढ़ से दो साल की होती है. रेलवे में .फार्मासिस्ट की जॉब के लिए यह डिग्री आवश्यक है.

    3. फिजियोथेरेपिस्ट - फिजियोथेरेपिस्ट का काम मरीज़ के शरीर के चोटिल या अक्षम हो चुके ऑरगेन्स को दोबारा ठीक करना तथा गति प्रदान करना है. रोगी के क्षतिग्रस्त मांसपेशियों, जोड़ों, नसों और हड्डियों को ये फिजियोथेरेपिस्ट मसाज, एक्सरसाईज अथवा इलेक्ट्रिकल एजेंट्स आदि के जरिए हीट, रेडिएशन वगैरह देकर ठीक कर देते हैं.

    फिजियोथेरेपिस्ट के लिए क्या है आवश्यक योग्यता -

    इसके लिए 4 वर्षीय बैचलर कोर्स इन फिजियोथेरेपी (बीपीटी ) करना अनिवार्य है. इसी के साथ इसमें 6 महीने की इन्टर्नशिप भी होती है.

    4. ईसीजी टेक्नीशियन - ईसीजी टेक्नीशियंस का काम पेशेंट के हार्ट रेट और हार्ट इम्पल्स से सम्बन्धित डाटा कलेक्ट करना है.

    आवश्यक योग्यता - इस जॉब के लिए कैंडिडेट के पास सर्टिफिकेट या एसोसिएट डिग्री का होना अनिवार्य है. 

    5. रेडिओग्राफर - रेडिओग्राफर का काम डायग्नोसिस के लिए पेशेंट के ऑरगेन, बोन और टिसू के ईमेज कैप्चर करना है. रेलवे में आवश्यक योग्यता - रेडिओग्राफर की जॉब के लिए रेडिओग्राफी और सोनोग्राफी में सर्टिफिकेट या एसोसिएट या बैचलर डिग्री और राज्य द्वारा लाईसेंस प्राप्त होना अनिवार्य है.

    6. लैब असिस्टेंट - लैब असिस्टेंट का काम मेडिकल लैब में काम करना है. अलग अलग क्षेत्रों के हिसाब से इनका काम आर्टिफिशियल लेग, डेन्चर, आई ग्लास लेन्सेस आदि बनाना है.

    लैब असिस्टेंट के लिए आवश्यक योग्यता - क्लिनिकल लैब असिस्टेंट के लिए साइंस या मेडिकल टेक्नोलॉजी में एसोसिएट डिग्री तथा राज्य द्वारा लाईसेंस प्राप्त होना अनिवार्य है.

    लैब असिस्टेंट के लिए बहुत सारे पद होते हैं जैसे - मेडिकल अप्लाईन्स लैब असिस्टेंट (योग्यता - हाई स्कूल डिप्लोमा या जीईडी), डेन्टल लैब असिस्टेंट (योग्यता - डेन्टल लैब टेक्नोलॉजी में असोसिएट या बैचलर डिग्री तथा राज्य द्वारा लाईसेंस प्राप्त होना अनिवार्य है.) इत्यादि. 

    7. ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट - ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट का काम अस्वस्थ मरीजों को शारीरिक तौर पर आत्मनिर्भर बनाना है.

    ऑक्युपेशनल थेरेपिस्ट के लिए क्या है आवश्यक योग्यता - इसके लिए ऑक्युपेशनल थेरेपी में 4 वर्षीय कोर्स करना अनिवार्य है. 

    इनमें से कुछ कोर्सेस ऐसे भी हैं जो नियमित के अलावा पत्राचार माध्यम से भी किए जा सकते हैं.

    लेटेस्ट रेलवे जॉब्स

    Rojgar Samachar eBook

    DISCLAIMER: JPL and its affiliates shall have no liability for any views, thoughts and comments expressed on this article.

    X

    Register to view Complete PDF