जेयर बोल्सोनारो कौन हैं, जो भारत में गणतंत्र दिवस समारोह के होंगे मुख्य अतिथि

ब्राजील के राष्ट्रपति जेयर बोल्सोनारो अगले साल (2020) भारत के गणतंत्र दिवस समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे. जेयर बोल्सोनारो ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के न्योते को स्वीकार कर लिया है. भारत में 26 जनवरी 2020 को 71वां गणतंत्र दिवस मनाया जायेगा.

प्रधानमंत्री मोदी ने जेयर बोल्सोनारो को यह न्यौता ब्राजील में ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान दिया. ब्राजील के राष्ट्रपति की ओर से निमंत्रण स्वीकार कर लिया गया है. प्रोटोकॉल के मुताबिक, गणतंत्र दिवस पर मुख्य अतिथि का पद भारत का सबसे बड़ा सम्मान माना जाता है.

दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा पिछले गणतंत्र दिवस पर मुख्य अतिथि थे.

गणतंत्र दिवस समारोह के मुख्य अतिथि निमंत्रण देने की प्रक्रिया

भारत प्रत्येक साल गणतंत्र दिवस के मौके पर किसी प्रसिद्ध हस्ती को बतौर मुख्य अतिथि बनने का न्यौता देता है. भारत में गणतंत्र दिवस की तैयारियां कई महीने पहले ही शुरू कर दी जाती है.

मुख्य अतिथि किस देश की हस्ती को बुलाया जाएगा, इसके लिए भारत का विदेश मंत्रालय विभिन्न पहलुओं की जांच करता है. इसमें सबसे महत्वपूर्ण है भारत के साथ उस देश का संबंध कैसा है. किसी भी देश को निमंत्रण देने से पहले प्रधानमंत्री की मंजूरी तथा राष्ट्रपति से अनुमति ली जाती है.

नोट:- बोल्सोनारो सरकार ने अक्टूबर 2019 में ब्राजील घूमने हेतु भारतीयों के लिए वीजा की जरूरत खत्म कर दी है. भारत और ब्राजील के संबंध बहुत ही अच्छे हैं.

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जेयर बोल्सोनारो के बारे में

• जेयर बोल्सोनारो का जन्म 21 मार्च 1955 को ब्राज़ील में हुआ था.

• वे ब्राजील के 38वें राष्ट्रपति हैं. वे ब्राज़ीलियन सेना के पूर्व कप्तान हैं.

• जेयर बोल्सोनारो कन्जरवेटिव सोशल लिबरल पार्टी से आते हैं.

• वे साल 1964 से साल 1985 के मध्य ब्राजील में ‘मिलिट्री’ तानाशाही की प्रशंसा करने को लेकर भी विवादों में पड़े थे.

• उन्हें गर्भपात, नस्लवाद, समलैंगिकता तथा बंदूक से जुड़े क़ानूनों पर बोल्सोनारो के उग्र विचारों के वजह से 'ब्राज़ील का ट्रंप' भी कहा जाता है.

• वे राष्ट्रपति के रूप में चयनित होने से पहले ब्राजील कांग्रेस के निचले सदन में ‘चैम्बर ऑफ डिप्टीज’ के तौर पर सात साल तक सेवाएं दे चुके हैं.

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