रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अरुणाचल प्रदेश में सिसेरी नदी पर पुल का उद्घाटन किया

भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अरुणाचल प्रदेश में लोअर दिबांग घाटी में सिसेरी नदी पुल का उद्घाटन किया. उन्होंने वर्तमान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता के रूप में भारतीय सीमा से सटे स्थानों की अवसंरचना को मजबूत करने का आह्वान किया.

सिसेरी नदी पुल जोनाई-पासीघाट-रानाघाट-रोइंग सड़क के बीच 200 मीटर लंबा पुल है. यह नदी पुल सियांग और दिबांग घाटी के बीच बेहतर संपर्क प्रदान करेगा. यह अरुणाचल प्रदेश के लोगों की लंबे समय से लंबित मांग थी. इस पुल के बनने से पासीघाट से रोइंग तक की यात्रा के समय में लगभग पांच घंटे का वक्त बचेगा.

इस अवसर पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि सरकार ने सीमा क्षेत्र विकास कार्यक्रम (बीएडीपी) के तहत इस पुल का निर्माण किया है ताकि क्षेत्र के लोग शांति और सुरक्षा के साथ रह सकें.

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राजनाथ सिंह की अन्य घोषणाएँ
• राजनाथ सिंह ने इस अवसर पर अरुणाचल प्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्रों के लिए कई अन्य बुनियादी ढांचा विकास कार्यक्रमों की घोषणा की. उन्होंने कहा कि भालुकपोंग - टेंगा - तवांग रेलवे लाइन सरकार के पास विचाराधीन है और इस परियोजना पर जल्द ही काम शुरू किया जाएगा.
• उन्होंने यह भी कहा कि पासीघाट हवाई अड्डे का परिचालन, सेला पास सुरंग के निर्माण की मंजूरी, होलोंगी हवाई अड्डे के लिए मंजूरी आदि क्षेत्र के लिए प्रमुख परियोजनाओं में से एक हैं.
• रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि सरकार अरुणाचल प्रदेश में रेलवे, सड़क, राजमार्ग, वायुमार्ग और डिजिटल नेटवर्क का एक कुशल और मजबूत नेटवर्क स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है.

सीमा क्षेत्र विकास कार्यक्रम (बीएडीपी)
• सीमा क्षेत्र विकास कार्यक्रम (बीएडीपी) 1987 में भारत-पाकिस्तान सीमाओं के साथ भारत में शुरू किया गया था.
• बीएडीपी का मुख्य उद्देश्य सीमा क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे का निर्माण करना और क्षेत्र की विकास आवश्यकताओं को पूरा करना है.
• BADP योजना को उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के लिए 1993-1994 में 8वीं पंचवर्षीय योजना के दौरान शामिल किया गया था.
• वर्तमान में BADP को उन सभी 17 राज्यों में लागू किया जा चुका है जो भारत की अंतर्राष्ट्रीय सीमाओं को अन्य देशों के साथ साझा करते हैं.
• वे मुख्य राज्य हैं - जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, बिहार, राजस्थान, गुजरात, त्रिपुरा, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, मिजोरम, नागालैंड, सिक्किम, मणिपुर और असम.

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