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दिल्ली में सात सरकारी कॉलोनियों के पुनर्विकास से तीन गुणा हरित क्षेत्र कवरेज बढ़ेगा

Jun 22, 2018 10:08 IST

    केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के अनुसार, दिल्ली में सात सरकारी कॉलोनियों के पुनर्विकास से लगभग तीन गुणा हरित क्षेत्र कवरेज बढ़ेगा.

    सात कॉलोनियों-नौरोजी नगर, नेताजी नगर, सरोजिनी नगर, मोहम्मदपुर, श्रीनिवासपुरी, कस्तूरबा नगर तथा त्यागराज नगर के पुनर्विकास से मौजूदा हरित क्षेत्र से तीन गुणा अधिक हरित क्षेत्र कवरेज बढ़ेगा.

    इन सात कॉलोनियों का पुनर्विकास पर्यावरण मानकों का पालन करते हुए तथा हरित भवन की अवधारणा के अनुरूप किया जा रहा है और इस बात का विशेष ध्यान रखा जा रहा है कि अधिक से अधिक संख्या में मौजूदा पेड़ बने रहें.

    पेड़ों की क्षतिपूर्ति वृक्षारोपण 1:10 के हिसाब से पूरक रूप में पेड़ लगाए जाएंगे, जिससे पेड़ कवरेज क्षेत्र में वृद्धि होगी.

    मुख्य तथ्य:

    हरित क्षेत्र: बहुमंजिली आवासीय और व्यावसायिक ब्लॉकों की डिजाईन से प्रभावी जमीनी कवरेज में कमी आई है, जिससे हरित क्षेत्र के लिए अधिक स्थान मिला है.

    सभी सात कॉलोनियों के प्लान में 10,69,235 वर्गमीटर हरित क्षेत्र रखने का प्रस्ताव है, जबकि इन कॉलोनियों में मौजूदा हरित क्षेत्र 3,83,101 वर्गमीटर है. इस तरह तीन गुणा अधिक हरित स्थान प्राप्त होगा.

    पेड़ की कटाई: सभी पेड़ नहीं काटे जा रहे हैं. मौजूदा 21,040 में से केवल 14,031 पेड़ काटे जाएंगे.

    वर्तमान 21,040 पेड़ों की तुलना में इन कॉलोनियों के पुनर्विकास के बाद 23,475 पेड़ उपलब्ध होंगे, जिसमें 6834 पेड़ बचेंगे, 1213 पेड़ों का प्रत्यारोपण होगा तथा 15428 नए पेड़ों को लगाया जाएगा.

    पेड़ों की मुआवजा: पेड़ों की क्षतिपूर्ति वृक्षारोपण 1:10 के हिसाब से यानी एक पेड़ के नुकसान पर 10 पेड़ों को पूरक रूप में लगाने का काम किया जा रहा है.

    इस तरह 1,35,460 पेड़ लगाए जाएंगे, जो शहरी वन लगेंगे और परिणामस्वरूप ऑक्सीजन बढ़ेगा और शहर के प्रदूषण स्तर में कमी आएगी.

    हरित भवन की अवधारणा: पौधों के संरक्षण और पुनःरोपण हेतु विशेष प्रयासों के अतिरिक्त बनाए जाने वाले नए परिसर हरित भवन की अवधारणा, शून्य कचरा निष्पादन और पर्यावरण अनुकूलता के अनुसार निम्नलिखित उपायों से विकसित किए जा रहे हैं.

    • वर्तमान 50 प्रतिशत के जमीनी कवरेज की तुलना में जमीनी कवरेज 15-10 प्रतिशत तक प्रतिबंधित, हरित क्षेत्र 50 प्रतिशत होगा.
    • मुख्य सड़क को कवर करने के लिए चारदीवारी के साथ-साथ पेड़ लगाए जाएंगे.
    • सूर्य की रोशनी के अनुसार घर बनाए जाएंगे ताकि घरों में गर्मी न हो और छतों की गर्मी रोकने के लिए हरित छतें होंगी.
    • नवीकरणीय ऊर्जा के लिए सौर पैनल। इन सात सरकारी कॉलोनियों में 5,654 किलोवॉट सौर विद्युत उत्पादन होगा.
    • ठोस कचरा या गंदे जल का संग्रहण किया जाएगा और उन्हें अलग-अलग करके उनका शोधन किया जाएगा और बागवानी के लिए उनका पुनः उपयोग किया जाएगा. ठोस कचरे का उपयोग बागवानी के लिए खाद्य के रूप में किया जाएगा.
    • भू-जल को रिचार्ज करने के लिए वर्षा जल संचयन प्रणाली.
    • ढांचा निर्माण में गिराए गए मलबे का दोबारा चक्रण करके इस्तेमाल किया जाएगा.
    • नए परिसर हरित क्षेत्रों, पेड़ों के साथ विकसित किए जा रहे हैं. इस तरह के विकास का उदाहरण नया मोतीबाग परिसर तथा पूर्व किदवई नगर परियोजना है.

    जीपीआरए

    प्लाट एरिया  (वर्गमीटर)

    मौलिक जमीनी कवरेज

    पुनर्विकास के बाद जमीनी कवरेज

    मौजूदा हरित क्षेत्र

    पुनर्विकास के बाद हरित क्षेत्र

     

    %

    एरिया (वर्गमीटर)

    %

    एरिया (वर्गमीटर)

    %

    एरिया (वर्गमीटर)

    %

    एरिया (वर्गमीटर)

    नौरोजी नगर

    101010

    67

    67677

    31

    31313

    13

    13131

    47

    47475

    नेताजी नगर

    442405

    61

    269866

    25

    109656

    14

    63512

    53

    233917

    सरोजिनी नगर

    1030479

    64

    659506

    26

    267924

    14

    144267

    49

    504935

    मोहम्मदपुर

    36818

    35

    12886

    15

    5431

    38

    13991

    43

    15703

    कस्तूरबा नगर

    213715

    55

    117543

    17

    36332

    18

    38469

    41

    87623

    श्रीनिवासपुरी

    296230

    55

    162927

    25

    74058

    30

    88869

    50

    148115

    त्यागराज नगर

    54900

    27

    14823

    15

    8301

    38

    20862

    58

    31467

     

    2175557

     

    1305228

     

    533015

     

    383101

     

    1069235

     

    जीपीआरए

    प्लॉट एरिया एकड़ में

    मौलिक रूप से उपलब्ध पेड़

    काटे जाने वाले पेड़

    नए लगाए जाने वाले/उसी स्थान पर रहने वाले पेड़

    पूरक रोपण

    कुल

    पेड़ों की बचत

    पेड़ों का प्रत्यारोपण

    लगाए जाने वाले नए पेड़

    कुल

    1

    2

    3

    4

    5

    6

    7

    8

    9

     10= (8+9)

    नौरोजी नगर

    24.96

    1513

    1465

    48

    150

    250

    448

    14650

    15098

    नेताजी नगर

    110

    3906

    2315

    1416

    175

    4450

    6041

    21450

    27491

    सरोजिनी नगर

    254.64

    11913

    8322

     

    3591

    546

    8235

    12372

    83220

    95592

    मोहम्मदपुर

    8.03

    562

    363

    199

    20

    350

    569

    3630

    4199

    कस्तूरबा नगर

    52.81

    1203

    723

    480

    150

    400

    1030

    5730

    6760

    श्रीनिवासपुरी

    73.14

    1594

    750

    844

    165

    1667

    2676

    5850

    8526

    त्यागराज नगर

    13.3

    349

    93

    256

    7

    76

    339

    930

    1269

    कुल

    536.88

    21040

    14031

    6834

    1213

    15428

    23475

    135460

    158935

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