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इतिहास

  • शहीद भगत सिंह ने क्यों कहा कि "मैं नास्तिक हूँ"

    भगत सिंह का जन्म सितम्बर 1907 में पंजाब में हुआ था और सैंडर्स की हत्या के आरोप में दोषी पाये जाने के कारण 23 मार्च 1931 को उन्हें लाहौर के सेंट्रल जेल में फांसी दे दी गयी थी | उन्होंने 5,6 अक्टूबर 1931 को लाहौर के सेंट्रल जेल से एक धार्मिक आदमी को जवाब देने के लिये एक निबंध लिखा था जिसने उनके ऊपर नास्तिक होने का आरोप लगाया था | भगत सिंह की उम्र उस समय 23 वर्ष की थी|

    Sep 28, 2018
  • भारत के प्रसिद्ध बौद्ध मठों की सूची

    बौद्ध मठ का अर्थ ऐसे संस्थानों से है जहाँ बौद्ध धर्म के गुरु अपने शिष्यों को शिक्षा, उपदेश इत्यादि प्रदान करते हैं। विश्व में बौद्ध धर्म के बहुत से तीर्थ स्थल हैं। इनमें से कुछ प्रमुख इस प्रकार से हैं:- विहार, पगोडा, स्तूप, चैत्य, गुफा, बुद्ध मुर्ती एवं अन्य। इस लेख में हमने भारत की प्रसिद्ध बौद्ध मठों को सूचीबद्ध किया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 20, 2018
  • जानें भारतीय मंदिरों के कौन-कौन से अंग होते हैं

    भारतीय स्थापत्य में भारतीय मंदिरों के वास्तुकला का विशेष स्थान है। यदि आप प्राचीनकाल के मंदिरों की रचना देखेंगे तो जानेंगे कि सभी कुछ-कुछ पिरामिडनुमा आकार के होते थे। भारत के स्थापत्य की जड़ें यहाँ के इतिहास, दर्शन एवं संस्कृति में निहित हैं और यहाँ की परम्परागत एवं बाहरी प्रभावों का मिश्रण है। इस लेख में हमने शिल्पशास्त्र के अनुसार भारतीय मंदिरों के प्रमुख अंगो की सूची दिया है, जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 20, 2018
  • भारत के प्रसिद्ध चैत्यों और विहारों की सूची

    बौद्ध वास्तुकला भारतीय उपमहाद्वीप में विकसित हुई। यह तीन प्रकार के ढांचे जुड़े हुए हैं: मठ (विहार), अवशेषों (स्तूप), और चैत्यगृह। वैसे तो विहार और चैत्य दोनों ही निवास स्थान के रूप में प्रयोग हो सकते हैं। इस लेख में हमने भारत के प्रसिद्ध चैत्यों और विहारों को सूचीबद्ध किया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 18, 2018
  • प्राचीन काल में सोने और चांदी के सिक्कों को क्यों बनाया जाता था?

    सोने और चांदी के सिक्कों का चलन प्राचीन काल में शुरू हुआ था. उस समय कोई और धातु के सिक्कें नहीं बनाए जाते थे. क्या आपने कभी सोचा है कि क्यों सोने और चांदी के ही सिक्कों को बनाया गया. इसके पीछे क्या कारण था. कुछ शोधकर्ताओं ने रसायनिक आधार पर इसके पीछे के कारणों को बताया है. आइये इस लेख के माध्यम से अध्ययन करते हैं.

    Sep 17, 2018
  • मुगल काल के प्रसिद्ध फारसी इतिहासकारों की सूची

    मुग़लकाल में हरेक भाषा के साहित्य को पोषण मिलता था तथा मुग़ल बादशाह विभिन्य भाषाओँ के विभिन्न शाखाओं के विकास को बहुत प्रोत्साहन देते थे। अकबर के संरक्षण में बहुत-से विद्वान् हुए तथा उन्होंने दिलचस्प एवं महत्वपूर्ण पुस्तकें लिखीं। इस लेख में हमने मुगल काल के प्रसिद्ध फारसी इतिहासकारों की सूची दिया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 14, 2018
  • जानें भारत में अंग्रेजों की सफलता के क्या-क्या कारण थे?

    18वीं शताब्दी के मध्य में, भारत वास्तव में चराहे पर खड़ा था। इस विभिन्य ऐतिहासिक शक्तियां गतिशील थी, जिसके परिणामस्वरुप देश एक नई दिशा की ओर उन्मुख हुआ। कुछ इतिहासकार इसे 1740 का वर्ष मानते हैं, जब भारत में सर्वोच्चता के लिए आंग्ल-फ़्रांसीसी संघर्ष की शुरुवात हुई थी। इस लेख में हमने बताया है की कौन-कौन से कारणों की वजह से अंग्रेजो को भारत में सफलता मिली जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 14, 2018
  • भारत की स्वतंत्रता तथा स्वतंत्रता पश्चात के प्रमुख वचनों और नारों की सूची

    भारत की स्वतंत्रता तथा स्वतंत्रता पश्चात हुई परिस्थितयों से निपटने के लिए, भारत के रहनुमाओं ने समय-समय पर अपने आवाज़ बुलंद किया है और विभिन्न नारों तथा वचनों की मदद से भारतियों में आत्मविश्वास भरा है। इस लेख में हमने भारत की स्वतंत्रता तथा स्वतंत्रता पश्चात के प्रमुख वचनों और नारों को सूचीबद्ध किया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 12, 2018
  • भारत के ऐसे जिले जिन्हें भारत के साथ स्वतंत्रता प्राप्त नहीं हुई थी.

    भारत को ब्रिटिश शासन से 15 अगस्त 1947 को आजादी मिली थी. उस समय सम्पूर्ण भारत में हर्ष और उल्लास था. लेकिन इस तथ्य को भी नहीं भुलाया जा सकता है कि भारत को विभाजन से गुजरना पड़ा था. इस दौरान लोगों ने बहुत कुछ झेला था. क्या आप जानते हैं कि भारत में ऐसे भी जिले थे जिन्हें भारत के साथ स्वतंत्रता प्राप्त नहीं हुई थी. इसके पीछे क्या कारण था. आइये इस लेख के माध्यम से अध्ययन करते हैं.

    Sep 10, 2018
  • अशोक द्वारा भेजे गए धर्म-प्रचारको की सूची

    अशोक 269 ईसा पूर्व के लगभग मौर्य सिहांसन पर आसीन हुआ था। बहुत सारे इतिहासकार उसे प्राचीन विश्व का महानतम सम्राट मानते हैं। उसकी धम्म नीति विद्वानों के बीच निरंतर चर्चा का विषय रही है। इस लेख में हमने अशोक द्वारा भेजे गए धर्म-प्रचारको को सूचीबद्ध किया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 7, 2018
  • क्या आप जानते हैं भारतीय लघु कला चित्रकारी कैसे विकसित हुई?

    मिनीएचर (Miniature) का मतलब होता है लाघु लैटिन शब्द 'मिनियम' से व्युत्पन्न हुआ है जिसका अर्थ 'लाल रंग का शीशा' होता है। भारतीय उप-महाद्वीप में लघु चित्रकारी का लम्बा परम्परा रहा है और इसका विकास कई शैलियों में हुआ है। इस लेख में हमने भारतीय लघु चित्रकारी के विकास को लघु चित्रकारी का क्रमागत उन्नति के बारे में बताया है, जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 7, 2018
  • उत्तर प्रदेश के स्वतंत्रता सेनानियों की सूची

    उत्तर प्रदेश का भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में राज्य के लोगों का योगदान महत्वपूर्ण रहा है। इस राज्य ने भारत को पहला प्रधानमंत्री, पहली महिला प्रधानमंत्री दिए हैं। इस लेख में हमने उत्तर प्रदेश के स्वतंत्रता सेनानियों की सूची दिया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 5, 2018
  • भक्ति आंदोलन के संतों और शिक्षकों की सूची

    भक्ति आन्दोलन मध्‍यकालीन भारत का सांस्‍कृतिक इतिहास में एक महत्‍वपूर्ण पड़ाव था। यह एक मौन क्रान्ति थी जिसमे इस काल के सामाजिक-धार्मिक सुधारकों द्वारा समाज में विभिन्न तरह से भगवान की भक्ति का प्रचार-प्रसार किया गया। इन संतो ने भक्ति मार्ग को ईश्वर प्राप्ति का साधन मानते हुए ‘ज्ञान’, ‘भक्ति’ और ‘समन्वय’ को स्थापित करने का प्रयास किया। इस लेख में हमने भक्ति आंदोलन के संतों और शिक्षकों की सूची दिया है जो UPSC, SSC, State Services, NDA, CDS और Railways जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बहुत ही उपयोगी है।

    Sep 4, 2018
  • कौन-कौन से ब्रिटिशकालीन कानून आज भी भारत में लागू हैं

    अंग्रेजों ने भारत पर लगभग 200 सालों के शासन दौरान इस देश को अपनी सहूलियत के हिसाब से चलाने के लिए कई कानून बनाये| इन सभी कानूनों का मकसद सिर्फ भारत से संसाधनों को लूटने और इस लूट को रोकने के लिए उत्पन्न होने वाले विद्रोहों को दबाने के उपाय किये गए थे | इस लेख में ऐसे ही कुछ अनैतिक और स्वार्थ से भरे कानूनों के बारे में बताया गया है|

    Aug 28, 2018
  • भारतीय स्वतंत्रता संग्राम की 11 सबसे महत्वपूर्ण घटनाएं

    भारत को आजाद कराने में कुछ महत्वपूर्ण घटनाओं ने भूमिका निभाई थी. आइये इस लेख के माध्यम से उन घटनाओं के बारे में अध्ययन करते हैं कि कब ये घटनाएं कब और कैसे हुई थी, इसमें किसने मुख्य भूमिका निभाई थी इत्यादि.

    Aug 22, 2018