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भारतीय राजव्यवस्था

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भारत में महिला सशक्तिकरण से संबंधित कानून

Aug 24, 2018
वर्तमान दौर महिला सशक्तिकरण का दौर है आज महिलाएं आँगन से लेकर अंतरिक्ष तक पहुँच गयी हैं लेकिन फिर भी कुछ क्षेत्रों में महिलाओं की हालत दयनीय बनी हुई है| इसलिए महिलाओं को समाज में और भी सशक्त बनाने के लिए सरकार ने न्यूनतम मजदूरी अधिनियम, हिंदू विवाह अधिनियम (1955) और दहेज निषेध अधिनियम (1961) जैसे कानून बनाये हैं |

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आजादी के समय किन रियासतों ने भारत में शामिल होने से मना कर दिया था और क्यों?

Aug 13, 2018
आजादी के दौरान भारत 565 देशी रियासतो में बंटा था. ये देशी रियासतें स्वतंत्र शासन में यकीन रखती थी जो सशक्त भारत के निर्माण में सबसे बडी़ बाधा थी. हैदराबाद, जूनागढ, भोपाल और कश्मीर को छोडक़र 562 रियासतों ने स्वेज्छा से भारतीय परिसंघ में शामिल होने की स्वीकृति दी थी. वर्ष 1947 'भारत' के अन्तर्गत तीन तरह के क्षेत्र थे- (1) 'ब्रिटिश भारत के क्षेत्र' , (2) 'देसी राज्य' (Princely states) और फ्रांस और पुर्तगाल के औपनिवेशिक क्षेत्र.

सांसद निधि योजना में सांसद को कितना फंड मिलता है?

Aug 13, 2018
सांसद निधि योजना की शुरुआत 23 दिसंबर 1993 को पी. वी. नरसिंहा राव के प्रधानमन्त्री रहते हुए की गयी थी. वर्ष 1993-94 में, जब यह योजना शुरू की गई, तो सहायता राशि मात्र 5 लाख/सांसद थी. वर्ष 1998-99 से इस राशि को बढ़ाकर 2 करोड़ रुपये/सांसद कर दिया गया और वर्तमान में इस योजना के तहत मिलने वाली राशि 5 करोड़ रुपये कर दी गयी है.

जानें सर क्रीक विवाद क्या है?

Aug 9, 2018
सर क्रीक विवाद भारत और पाकिस्तान के बीच कश्मीर और सियाचिन जैसा ही सीमा विवाद है. सर क्रीक गुजरात (भारत) और सिंध (पाकिस्तान) के बीच विवादित पानी की एक 96 किलोमीटर लंबी पट्टी है. यह ज्वारीय क्षेत्र होने के कारण यहाँ पर सीमा निर्धारण नहीं की जा सकती है यही कारण है कि यह एक विवादित क्षेत्र बना हुआ है.

भारत में सुप्रीम कोर्ट के जज की चयन प्रक्रिया क्या है?

Aug 7, 2018
भारत का सर्वोच्च न्यायालय नई दिल्ली में स्थित है. यह संविधान की व्याख्या करने और राष्ट्रीय कानून के प्रेक्षों का निर्णय लेने के लिए अंतिम न्यायिक प्राधिकरण है. परन्तु क्या आप जानतें हैं कि भारत में सुप्रीम कोर्ट के जज की चयन प्रक्रिया क्या है, कैसे जज को नियुक्त किया जाता है, इसके लिए किन योग्यताओं का होना अनिवार्य है, किस प्रकार से उनको हटाया जा सकता है, ऊनके पास क्या पॉवर होती हैं इत्यादि के बारे में आइये इस लेख के माध्यम से अध्ययन करते हैं.

ताशकंद समझौता:जानें क्यों भारत जीतकर भी हार गया?

Aug 3, 2018
पाकिस्तान ने कश्मीर पर कब्ज़ा करने के लिए ऑपरेशन जिब्राल्टर चलाया था जिसके फेल होने के कारण दोनों देशों के बीच 1965 का युद्ध हुआ था. इस युद्ध को शांत करने के लिए दोनों देशों के बीच 10 जनवरी 1966 को ताशकंद समझौता हुआ था. इस लेख में हम आपको यह बता रहे हैं कि यह समझौता किस प्रकार और किन परिस्तिथियों के हुआ था.

किचन कैबिनेट किसे कहते हैं ?

Aug 2, 2018
भारतीय संविधान का अनुच्छेद 74 कहता है कि भारत के राष्ट्रपति को सलाह एवं सहायता देने के लिए एक मंत्रिपरिषद होगी जिसका प्रमुख प्रधानमन्त्री होगा. मंत्री परिषद् में तीन प्रकार के मंत्री होते हैं. कैबिनेट मंत्री, राज्य मंत्री और उपमंत्री. इन मंत्रियों के अलावा प्रधानमन्त्री की सहायता के लिए एक किचन कैबिनेट होती है जिसमें प्रधानमन्त्री की पसंद के लोग होते हैं.

भारत में न्यायाधीश और मजिस्ट्रेट के बीच क्या अंतर होता है?

Jul 31, 2018
क्या मजिस्ट्रेट, न्यायाधीश के समान होता है, इनकी नियुक्ति कौन करता है, इनका अधिकार किन क्षेत्रों तक सिमित होता है, भारत में न्यायाधीश और मजिस्ट्रेट के बीच क्या अंतर होता है इत्यादि के बारे में आइये इस लेख के माध्यम से अध्ययन करते हैं.

भारत में देशद्रोह के अंतर्गत कौन कौन से काम आते हैं?

Jul 30, 2018
यदि देश का कोई नागरिक देश के संसाधनों का उपयोग करता है तो उस नागरिक का यह कर्तव्य है कि जरुरत पड़ने पर देश की सेवा के लिए भी तैयार रहे. लेकिन कुछ लोग देश के संसाधनों का उपयोग देश के खिलाफ ही करने लगते हैं. इसलिए ऐसे लोगों को देश का हितैषी नहीं कहा जाता है. हालाँकि यह भी सच है कि बहुत से लोग यह नहीं जानते कि आखिर कौन से काम देशद्रोह की श्रेणी में आते हैं. इस लेख में ऐसे ही कार्यों के बारे में बताया जा रहा है जो कि देशद्रोह के अंतर्गत आते हैं.

निंदा प्रस्ताव और अविश्वास प्रस्ताव में क्या अंतर होता है?

Jul 20, 2018
निंदा प्रस्ताव और अविश्वास प्रस्ताव में मुख्य अंतर यह है कि यदि निंदा प्रस्ताव लोकसभा में पारित हो जाता है तो सरकार को किसी तरह का खतरा नहीं होता है लेकिन यदि अविश्वास प्रस्ताव पास हो जाता है तो सरकार गिर जाती है. इस लेख में इन दोनों प्रस्तावों के बीच के अन्य अंतरों के बारे में बताया गया है.

अविश्वास प्रस्ताव क्या होता है और इसे पेश करने की क्या प्रक्रिया है?

Jul 20, 2018
अविश्वास प्रस्ताव एक संसदीय प्रस्ताव है, जिसे विपक्ष द्वारा लोकसभा में केंद्र सरकार को गिराने या कमजोर करने के लिए रखा जाता है. यह प्रस्ताव संसदीय मतदान द्वारा पारित या अस्वीकार किया जाता है. अब तक 26 बार अविश्वास प्रस्ताव पेश किया गया है.

यदि दिल्ली को पूर्ण राज्य का दर्जा मिल जाता है तो क्या-क्या बदल जायेगा?

Jul 5, 2018
सन 1991 में 69वें संविधान संशोधन से दिल्ली को विशेष राज्य का दर्जा दिया गया और इसे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र घोषित किया गया, साथ ही लेफ्टिनेंट गवर्नर को दिल्ली का प्रशासक नामित किया गया था. संविधान के अनुच्छेद 239A के तहत दिल्ली को केंद्र शासित प्रदेश का दर्जा दिया गया है.

सरकार UGC की जगह “उच्च शिक्षा आयोग” क्यों बनाना चाहती है?

Jun 29, 2018
केंद्र सरकार; यूजीसी अधिनियम, 1956 को निरस्त करके उसके स्थान पर 'भारत के उच्च शिक्षा आयोग, 2018 बिल संसद के मानसून सत्र में लाने पर विचार कर रही है. सरकार के इस कदम से फर्जी व खराब गुणवत्ता वाले संस्थानों को बंद करने का रास्ता साफ होगा. उच्च शिक्षा आयोग का आदेश नहीं मानने वाले संस्थान के खिलाफ जुर्माना और भारतीय दंड संहिता के हिसाब से 3 साल तक की सजा दिलाने का प्रावधान होगा.

उच्चतम न्यायालय के न्यायधीश को हटाने की क्या प्रक्रिया है?

Jun 27, 2018
उच्चतम न्यायालय (SC) के न्यायधीशों की नियुक्ति राष्ट्रपति करता है. S.C. के मुख्य न्यायधीश की नियुक्ति राष्ट्रपति, S.C. के अन्य न्यायधीशों एवं उच्च न्यायालयों के न्यायधीशों की सलाह के बाद करता है. राष्ट्रपति के आदेश द्वारा ही उच्चतम न्यायालय के न्यायधीश को पद से हटाया जा सकता है हालाँकि न्यायधीश को हटाने की प्रक्रिया संसद के दोनों सदनों द्वारा अनुमोदित करायी जाती है.

दिल्ली के लेफ्टिनेंट गवर्नर्स की सूची

Jun 22, 2018
वर्ष 1991 में 69वें संवैधानिक संशोधन ने दिल्ली को “राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र”, दिल्ली के रूप में विशेष का दर्जा दिया था. इसी समय से यहाँ पर विधानसभा व मंत्रिमंडल का गठन किया गया. 69वें संशोधन के बाद दिल्ली का शासन लेफ्टिनेंट गवर्नर को सौंप दिया गया था. इस संशोधन के पहले यहाँ पर महानगरीय परिषद् और कार्यकारी परिषद् थी. आदित्य नाथ झा, आईसीएस दिल्ली के पहले प्रशासक थे जो कि 7 नवंबर 1966 से 19 जनवरी 1972 तक इस पद पर रहे थे.

भारत के संघ शासित प्रदेशों के लेफ्टिनेंट गवर्नर और प्रशासकों की सूची

Jun 20, 2018
भारतीय संविधान के अनुच्छेद 1 में भारत के राज्यों को तीन श्रेणियों में बांटा गया है. ये श्रेणियां हैं; राज्य क्षेत्र, केंद्र शासित प्रदेश और अर्जित राज्य क्षेत्र. वर्तमान में भारत में 29 राज्य और 7 केंद्र शासित प्रदेश हैं लेकिन अर्जित राज्य एक भी नहीं है. भारत के 7 केंद्र शासित प्रदेशों में से 4 का शासन प्रशासक के द्वारा चलाया जाता है जबकि 3 का शासन लेफ्टिनेंट गवर्नर के माध्यम से किया जाता है.

जानें क्यों जम्मू & कश्मीर में ही राज्यपाल शासन लगाया जाता है?

Jun 20, 2018
जम्मू & कश्मीर राज्य का अपना संविधान है और इसका प्रशासन इसी के द्वारा चलाया जाता है. भारत के अन्य राज्यों में जब शासन संविधान के अनुसार नहीं चलाया जाता है तो वहां पर भारतीय संविधान के अनुच्छेद 356 के अनुसार राष्ट्रपति शासन लगाया जाता है लेकिन जब जम्मू & कश्मीर में संविधान के अनुसार शासन नही चलता है तो वहां पर J&K के संविधान के सेक्शन 92 के तहत राज्यपाल शासन लगाया जाता है.

10 ऐसे विशेष कानून जो सिर्फ जम्मू और कश्मीर पर ही लागू होते हैं?

Jun 20, 2018
जम्मू और कश्मीर भारतीय संघ में एकमात्र ऐसा राज्य है, जिसका अपना अलग राज्य संविधान है. भारतीय संविधान का अनुच्छेद 370 राज्य को विशेष दर्जा देता है. आइये इस लेख के माध्यम से अध्ययन करते हैं उन कानूनों के बारे में जो सिर्फ जम्मू और कश्मीर पर ही लागू होते हैं.

दिल्ली के उप-राज्यपाल की क्या शक्तियां हैं?

Jun 19, 2018
इस समय भारत के तीन राज्यों (दिल्ली, पुदुचेरी और अंडमान निकोबार द्वीप) में उपराज्यपाल के माध्यम से शासन किया जा रहा है जबकि चंडीगढ़, दमन एवं दीव और लक्षद्वीप में प्रशासक के माध्यम से शासन किया जा रहा है. सन 1991 में 69वें संविधान संशोधन से दिल्ली को विशेष राज्य का दर्जा दिया गया और इसे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र घोषित किया गया, साथ ही लेफ्टिनेंट गवर्नर को दिल्ली का प्रशासक नामित किया गया.

अब तक के सभी लोकसभा चुनावों में किस पार्टी को कितनी सीटें मिली हैं?

Jun 14, 2018
भारत में लोकसभा के सबसे पहले आम चुनाव 1952 में हुए थे. इस चुनाव में 489 लोक सभा सीटों के लिए चुनाव हुए थे. इस चुनाव में कांग्रेस पार्टी ने 364 सीटें जीती थीं जबकि जनसंघ को केवल 3 सीटों पर जीत मिली थी. वर्ष 1952 में हुए लोक सभा आम चुनावों के बाद अब तक कुल 16 लोकसभा चुनाव भारत में कराये जा चुके हैं. इस लेख में हम भारत के पहले लोक सभा चुनाव से लेकर अभी तक के चुनावों में विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा जीती गयी सीटों के बारे में बताया गया है.
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