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दुनिया में किस देश की सबसे अच्छी पर्यावरण नीति है?

पर्यावरण या वातावरण वह वस्तु है जो चारों ओर से ढ़के या घेरे हुए है. अतः व्यक्ति के चारों ओर जो कुछ है वह उसका वातावरण है. इसमें वे सब तत्व सम्मिलित किये जा सकते है जो व्यक्ति के जीवन और व्यवहार को प्रभावित करते है. स्वस्थ वातावरण लोगों को स्वस्थ रहने में मदद करता है.

वुडवर्थ के अनुसार "वातावरण में वह सब बाह्य तत्व आ जाते है जिन्हांने व्यक्ति को जीवन प्रारंभ करने के समय से प्रभावित किया है".

अतः वातावरण वह बाहरी शक्ति है जो हमें प्रभावित करती है. इसमें बाहृय तत्व आते है. वातावरण किसी एक तत्व का नाम नहीं अपितु एक समूह तत्व का नाम है. इस दृष्टि से वातावरण व्यक्ति को उसके विकास में वांछित सहायता प्रदान करता है.

आसपास के पर्यावरण से जुड़े व्यक्तिगत स्वास्थ्य की अवधारणाओं को अध्ययन किया जा रहा है. पर्यावरण प्रदर्शन सूचकांक (Environmental Performance Index,EPI) पर्यावरणीय स्वास्थ्य पर प्रभाव डालने वाले प्रभावों का मूल्यांकन करती हैं और देश के पारिस्थितिक तंत्र की शक्तिशीलता पर भी प्रभाव डालती हैं.

पर्यावरण प्रदर्शन सूचकांक (EPI) में उच्च-प्राथमिकता वाले पर्यावरणीय मुद्दों पर प्रदर्शन के आधार पर विभिन्न देशों को रैंक प्रदान की जाती है. यह एक द्विवार्षिक रिपोर्ट है जिसे येल (Yale) विश्वविद्यालय एवं कोलंबिया विश्वविद्यालय द्वारा विश्व आर्थिक मंच के सहयोग से निर्मित किया जाता है.

पर्यावरण प्रदर्शन सूचकांक, 2018 में विश्व के 180 देशों को 10 श्रेणियों में विभाजित 24 संकेतकों के आधार पर रैंक प्रदान की गई है. सूचकांक में स्विट्जरलैंड 87.42 के स्कोर के साथ शीर्ष स्थान पर है. EPI रिपोर्ट के अनुसार ज्ञात होता है कि स्विट्जरलैंड देश में दुनिया में सबसे अच्छी पर्यावरण नीति है.

रैंकिंग में शीर्ष 5 देशों में शामिल अन्य देश हैं: 2. फ्रांस (स्कोर : 83.95), 3. डेनमार्क (स्कोर : 81.60), 4. माल्टा (स्कोर 80.9) तथा स्वीडन (स्कोर 80.51).

पर्यावरण प्रदर्शन सूचकांक (EPI) - 2018 में 180 देशों में भारत को 177 स्थान पर रखा गया है.

आइये स्विट्जरलैंड के बारे में अध्ययन करते हैं


Source: www.magiholidays.com

स्विट्जरलैंड को आधिकारिक तौर पर स्विस फेडरेशन कहा जाता है, मध्य यूरोप में 16,000 वर्ग मील की ग्लेशियर-नक्काशीदार आल्प्स, झीलों और घाटियों से बना एक छोटा सा देश है. यह दुनिया के सबसे धनी देशों में से एक है और सदियों से इसकी तटस्थता के लिए जाना जाता है.

स्विस कन्फेडरेशन (Swiss Confederation) की शुरूआत 1291 में परगनों के बीच रक्षात्मक गठबंधन के रूप में की गई थी. 1499 में, कन्फेडरेशन रोमन साम्राज्य से स्वतंत्र हो गया था. 1848 में, नए संविधान के आने से कन्फेडरेशन एक संघीय सरकार में बदल गई, जिससे वर्षों से चल रहा संघर्ष भी समाप्त हो गया.

क्या आप जानते हैं कि स्विट्ज़रलैंड में बेरोजगारी कम है, एक कुशल श्रम बल (skilled labour force) और दुनिया में प्रति व्यक्ति सबसे ज्यादा सकल घरेलू उत्पाद है.

स्विस पर्यावरण नीति ने 1980 के दशक से कई सफलताओं को हासिल किया है और कुछ प्रदूषकों द्वारा पर्यावरण के प्रदूषण को कम कर दिया है. नतीजतन, पिछले 25 वर्षों में देश की वायु गुणवत्ता में काफी सुधार हुआ है. स्विट्जरलैंड पूरी दुनिया से विभिन्न तरीकों से जुड़ा हुआ है: पारिस्थितिकीय, आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक व्यवस्था लगातार आपस में परस्पर प्रभाव डालते हैं.

आइये स्विट्जरलैंड की पर्यावरण निति के बारे में अध्ययन करते हैं

मूल रूप से, स्विट्जरलैंड की पर्यावरण नीति पानी, वायु, मिट्टी के साथ-साथ वनस्पतियों और जीवों की कुछ प्रजातियों के संरक्षण तक ही सीमित थी.

ये शुरुआती प्रयास बेहद सफल साबित हुए:

- झीलों और नदियों का पानी अब पीने के की गुणवत्ता के मानदंडों को पूरा करता है.

- वहां की हवा काफी क्लीन या साफ हो गई है.

- जंगल और पेड़, पौधे भी काफी बढ़ गए हैं.

स्विट्ज़रलैंड की आज की पर्यावरण नीति में काफी हद तक केंद्रित है: "पारिस्थितिकीय अर्थव्यवस्था" (green economy) की अवधारणा जिसके आधार पर, संघीय परिषद प्राकृतिक संसाधनों के उपयोग के लिए एक और अधिक सुरक्षात्मक दृष्टिकोण अपना रही है. इसके अलावा, यह प्राकृतिक आवास और पारिस्थितिक तंत्र, साथ ही वनस्पतियों और जीवों की प्रजातियों की रक्षा के उद्देश्य से अधिक व्यापक कदम भी उठा रही है.

किन प्लांट्स की मदद से घर के वायु प्रदूषण को कम किया जा सकता है?

स्विस (Swiss) पर्यावरण नीतियां और पर्यावरण कानूनों के कार्यान्वयन निम्नलिखित मुख्य सिद्धांतों पर आधारित हैं:

- "सावधानी पूर्वक सिद्धांत" ("precautionary principle") कहता है कि हानिकारक प्रभाव को सीमित करने के लिए प्रारंभिक निवारक उपायों को लिया जाना चाहिए.

- "प्रदूषक सिद्धांत का भुगतान" ("polluter pays principle") के अनुसार कोई भी व्यक्ति जो प्रदूषण या पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने का कारण बनता है, उसे उस जगह को साफ करना या उससे संबंधित लागतों का भुक्तान करना चाहिए.

- "स्रोत पर प्रदूषण की कमी का सिद्धांत" ("principle of abatement of pollution at source") जो सावधानी पूर्वक सिद्धांत से बना है और कहता है कि पर्यावरणीय प्रभावों को इसके मूल कारण के अनुसार ही समाप्त किया जाना चाहिए.

अन्य नीतियाँ इस प्रकार हैं:

- संघीय स्तर पर पर्यावरण के लिए संघीय कार्यालय (BAFU) आमतौर पर पर्यावरणीय कानून के निष्पादन के लिए ज़िम्मेदार है, लेकिन कुछ विशेष एजेंसियां भी हैं, जो स्विस संघीय परमाणु सुरक्षा निरीक्षक (ENSI) जैसे विशिष्ट क्षेत्रों में सक्षम हैं. इसके अलावा प्रत्येक कैंटन में पर्यावरणीय कानून के निष्पादन के लिए अपना प्राधिकरण है.

- स्विट्ज़रलैंड के पर्यावरण कानून को लागू करने के लिए एक सख्त दृष्टिकोण है. प्राधिकरणों और निरीक्षणों के अलावा, एजेंसियों के पास पर्यावरण कानून के लिए अधिकार दिया गया है कि विभिन्न उल्लंघनों पर ये एजेंसियां जुर्माना लगा सकती हैं. यहां तक कि गंभीर उल्लंघनों पर तीन साल तक की सजा भी हो सकती है.

- अधिकारियों को पर्यावरण संरक्षण और पर्यावरणीय प्रदूषण के स्तर के बारे में जनता को पर्याप्त रूप से सूचित करने के लिए बाध्य किया जाता है.

- स्विस कानून में पर्यावरण परमिट आम हैं. ये परमिट निर्माण या परिचालन के समय होना अनिवार्य है उदाहरण के लिए लैंडफिल या परमाणु ऊर्जा संयंत्रों के साथ-साथ बाजार में या विशिष्ट पदार्थों या विशेष अपशिष्ट के संचालन के लिए होना आवश्यक हैं.

- जैवविविधता (biodiversity) के दीर्घकालिक संरक्षण को सुनिश्चित करने के लिए, संघीय परिषद ने स्विस जैव विविधता रणनीति को अप्रैल 2012 में पारित किया था.

- संशोधित CO2 अधिनियम में, जो 1 जनवरी 2013 को लागू हुआ था. स्विट्जरलैंड ने अपने घरेलू ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन को 2020 तक 1990 के स्तर के तहत कम से कम 20% कम करने का लक्ष्य निर्धारित किया. साथ ही, संघीय प्राधिकरण जलवायु परिवर्तन (climate change) के अनुकूलन के उपायों को भी समन्वयित किया. इस उद्देश्य के लिए, जलवायु परिवर्तन के अनुकूलन एक राष्ट्रीय रणनीति विकसित की गई थी. इसका पहला हिस्सा मार्च 2012 में अपनाया गया था.

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पर्यावरण नीति

पर्यावरण नीति लंबे समय से वैश्विक मुद्दा बन गई है:

- जलवायु परिवर्तन: स्विट्जरलैंड राष्ट्रीय स्तर पर अपना योगदान दे रहा है और ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन के स्तर को कम कर रहा है. लेकिन चूंकि जलवायु राष्ट्रीय सीमाओं को नहीं पहचानता है, इसलिए स्विट्ज़रलैंड पूरी दुनिया में जलवायु परिवर्तन को सीमित करने के उद्देश्य से प्रभावी उपायों के परिचय के लिए भी सक्रिय रूप से प्रतिबद्ध है.

- खतरनाक पदार्थों का निषेध: मरकरी जैसी भारी और अत्यधिक विषाक्त धातुएं पूरी दुनिया में हवा, पानी और खाद्य श्रृंखला के माध्यम से फैली हुई हैं. स्विट्जरलैंड द्वारा प्रस्तावित एक पहल के बाद, वैश्विक स्तर पर मरकरी के सख्त नियंत्रण पर एक समझौता 2013 में Minimata रोग को रोकने के उद्देश्य से निष्कर्ष निकाला गया था, जो मरकरी विषाक्तता के कारण होता है.

- स्विट्ज़रलैंड पर्यावरण संरक्षण पर द्विपक्षीय समझौतों को भी बनाए रखता है, उदाहरण के लिए चीन के साथ, जिसके साथ यह बाढ़ की रोकथाम के क्षेत्र में कई सालों से सहयोग कर रहा है.

पर्यावरण प्रदर्शन सूचकांक (Environmental Performance Index,EPI) के तहत स्विट्ज़रलैंड पर्यावरण के द्रष्टिकोण से पहले स्थान पर है जो यह संबोधित करता है कि यहां की वायु बहुत साफ है और ये पर्यावरण की द्रष्टि से सबसे अच्छा देश है.

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